CAPTCHA  

Already register click here to Login

Dont have account click here for Register

Thank You
Ok
clinical_notesDisease

chronic eczema kya hota hai?or kaise hota hai?

Dr. Pradeep Kushwaha, M.D. schedule3 min read Playing…
chronic eczema kya hota hai?or kaise hota hai?

क्रॉनिक एक्जिमा क्या है?

क्रॉनिक एक्जिमा, जिसे दीर्घकालिक त्वचा की सूजन (Long-term Skin Inflammation) भी कहा जाता है, एक ऐसी स्थिति है जिसमें त्वचा पर लगातार या बार-बार खुजली, लालिमा और सूजन बनी रहती है। यह बीमारी त्वचा की रक्षा प्रणाली और नमी संतुलन को प्रभावित करती है।

सामान्यत: एक्जिमा को Dermatitis भी कहा जाता है। जब यह लंबे समय तक रहता है और बार-बार लौटता है, तो इसे क्रॉनिक एक्जिमा कहा जाता है। यह स्थिति व्यक्ति के दैनिक जीवन और नींद को प्रभावित कर सकती है।

क्रॉनिक एक्जिमा कैसे होता है?


क्रॉनिक एक्जिमा तब होता है जब त्वचा की बाहरी सुरक्षा परत (Skin Barrier) कमजोर हो जाती है। इससे त्वचा:

- पानी खो देती है.

 - सूख जाती है.

 - बाहरी जीवाणु या एलर्जेंस (Allergens) के प्रति संवेदनशील हो जाती है.

 इस स्थिति में शरीर की इम्यून सिस्टम प्रतिक्रिया देती है और त्वचा में सूजन और लालिमा पैदा होती है।

क्रॉनिक एक्जिमा आमतौर पर लंबे समय तक धीरे-धीरे विकसित होता है और कभी-कभी अचानक बिगड़ सकता है। यह बीमारी बचपन में शुरू हो सकती है और वयस्क होने तक बनी रह सकती है।


क्रॉनिक एक्जिमा होने के कारण?


इस बीमारी के पीछे कई कारण हो सकते हैं। मुख्य कारणों में शामिल हैं: 

 1. आनुवंशिक कारण (Genetic Factors) 
यदि परिवार में किसी को एक्जिमा, अस्थमा या एलर्जिक राइनाइटिस जैसी एलर्जी की समस्या रही हो, तो व्यक्ति में इसका खतरा बढ़ जाता है। 

 2. एलर्जन (Allergens) 
धूल, परागकण, जानवरों के बाल, साबुन, डिटर्जेंट या कुछ रासायनिक उत्पाद त्वचा में एलर्जिक प्रतिक्रिया पैदा कर सकते हैं। 

 3. इम्यून सिस्टम की असामान्यता 
कुछ लोगों की इम्यून प्रणाली अत्यधिक संवेदनशील होती है। यह सामान्य पदार्थों को भी खतरनाक समझकर प्रतिक्रिया देती है, जिससे त्वचा पर सूजन और खुजली होती है।

 4. त्वचा की नमी में कमी
त्वचा की बाहरी परत में प्राकृतिक तेलों और नमी की कमी होने पर यह सूखी, फटी और संवेदनशील हो जाती है। 

 5. पर्यावरणीय और जीवनशैली कारक

 - अत्यधिक गर्म या ठंडी जलवायु 

 - बार-बार हाथ धोना

 - स्ट्रेस और मानसिक दबाव भी एक्जिमा को बढ़ा सकते हैं।


क्रॉनिक एक्जिमा के लक्षण?

क्रॉनिक एक्जिमा के लक्षण आमतौर पर धीरे-धीरे बढ़ते हैं और लंबे समय तक बने रहते हैं।

   मुख्य लक्षण

  १. त्वचा में लगातार खुजली – सबसे सामान्य लक्षण, जो अक्सर रात में बढ़ जाती है। 

 २. लालिमा और सूजन – प्रभावित क्षेत्र पर लाल या गुलाबी धब्बे।

 ३. त्वचा का मोटा या खुरदरा होना (Lichenification) – लगातार खुजली के कारण।

 ४. सूखी और फटी त्वचा – विशेषकर हाथ, पैर, कोहनी और घुटनों पर।

 ५. फफोले और तरल – कभी-कभी त्वचा पर छोटे फफोले या तरल जमा हो सकता है।

#अन्य संभावित लक्षण


- त्वचा पर जलन या दर्द

 - रंग में बदलाव

 - बार-बार संक्रमण (बैक्टीरियल या फंगल)

 क्रॉनिक एक्जिमा का निदान ?

क्रॉनिक एक्जिमा का निदान मुख्य रूप से डॉक्टर द्वारा त्वचा की जांच और लक्षणों के इतिहास के आधार पर किया जाता है।

 - कभी-कभी डॉक्टर ये जांचें कर सकते हैं:

 - एलर्जी परीक्षण (Allergy Test) – शरीर में एलर्जन का पता लगाने के लिए

 - स्किन बायोप्सी – त्वचा के ऊतक की जाँच

 - ब्लड टेस्ट – इम्यून सिस्टम या एलर्जिक प्रतिक्रिया देखने के लिए

 क्रॉनिक एक्जिमा का इलाज?
क्रॉनिक एक्जिमा का कोई स्थायी इलाज नहीं है, लेकिन उचित उपचार से लक्षणों को नियंत्रित किया जा सकता है।

 - क्रीम और मलहम (Topical Steroids) – सूजन और खुजली कम करने के लिए

 - मॉइस्चराइजर्स – त्वचा को नमी बनाए रखने के लिए

 - एंटीहिस्टामाइन्स – एलर्जी और खुजली कम करने के लिए

  निष्कर्ष 
क्रॉनिक एक्जिमा एक लंबे समय तक बनी रहने वाली त्वचा की समस्या है, जो व्यक्ति के जीवन को प्रभावित कर सकती है। यह बीमारी आमतौर पर खुजली, सूखी त्वचा और लालिमा के रूप में दिखाई देती है।
इलाज शुरू करने के लिए तैयार हैं?
डॉ. प्रदीप कुशवाहा से परामर्श बुक करें — ऑनलाइन या क्लीनिक पर।
event_availableBook Appointment

forumComments

अभी तक कोई कमेंट नहीं — पहला आप कीजिए।

अपना कमेंट लिखें
कमेंट जांच के बाद प्रकाशित किया जाएगा।
Brahm homeo Logo
Brahm Homeopathy
Typically replies within an hour
Brahm homeo
Hi there 👋

How can we help you?
NOW
×
Chat with Us