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tinnitus treatment in homeopathy | tinnitus ka laksan

Dr. Pradeep Kushwaha, M.D. schedule3 min read Playing…
tinnitus treatment in homeopathy | tinnitus ka laksan

१)टिनिटस क्या है?


क्या आपने कभी ऐसा अनुभव किया है,जो कि आप के कानों में अचानक से घंटी बजने, सीटी बजने या भनभनाहट जैसी कुछ आवाज़ सुनाई देने लगे, जबकि पास में बिल्कुल ही शांति जैसा हो?

- यदि हाँ, तो यह स्थित टिनिटस हो सकती है।

- यह कोई बीमारी नहीं है, बल्कि यह एक लक्षण है, जो की कानों या सुनने की प्रणाली से जुड़ी किसी समस्या की ओर संकेत करता है। जैसे की ,

  - घंटी बजने जैसी कुछ आवाज़

 - भनभनाहट जैसा लगना

- सीटी जैसी आवाज लगना टिनिटस लगातार भी रह सकता है पर बीच-बीच में ऐसा होता रहता है। कई बार तो, केवल एक ही कान में सुनाई देता है , और कभी-कभी तो दोनों कानों में भी महसूस हो सकता है।


२) टिनिटस के मुख्य कारण?


टिनिटस होने के कई संभावित कारण हो सकते हैं। कुछ इस प्रकार से हैं,

- ज्यादा लंबे समय तक हेडफ़ोन का कानों में लगने से , या तेज़ संगीत के संपर्क में कानों के नसों को हानि पहुँचा सकता है।

- 60 वर्ष से ज्यादा उम्र के लोगों में भी सुनने की शक्ति भी धीरे-धीरे से कम होने लग जाती है ,जिससे टिनिटस की समस्या बढ़ सकती है।

- ईयरवैक्स कान की नलि को ब्लॉक कर देता है, जिस से की आवाज़ों की धारणा प्रभावित होती है और टिनिटस हो सकता है।

- सिर में चोट लगने या कान के अंदरू वाले भाग की समस्या भी टिनिटस का कारण बन सकती है।

- कुछ दवाओं के साइड इफेक्ट से भी टिनिटस को ट्रिगर कर सकती हैं।

- अन्य बीमारियाँ जैसे की,

 * उच्च रक्तचाप की समस्या*

 * थायरॉयड की समस्या*

 * मेनियर रोग*

 *हृदय और रक्त प्रवाह से संबंधी गड़बड़ी होना *

 

३) टिनिटस के लक्षण?


टिनिटस के लक्षण निचे बताये अनुसार हो सकते है ,जैसे की,

 - नींद सही से नहीं आती है , और बहुत ही कठिनाई होती है.

 - चिड़चिड़ापन और तनाव जैस लगना 

 - ध्यान को केंद्रित करने में भी बहुत ही परेशानी 

 -कुछ समय बाद तो सुनने की क्षमता में कमी 

 - कभी-कभी तो चक्कर भी आ जाता है।

४) टिनिटस का निदान क्या है?


यदि किसी व्यक्ति को ज्यादा समय तक कानों में कुछ न कुछ आवाज़ सुनाई देती है, तो डॉ. आमतौर पर निम्न जाँच करते हैं:

 - कान में मैल, संक्रमण या कान में चोट देखने के लिए कान की जांच की जाती है ।

 - सुनने की क्षमता को मापने के लिए।

 - ब्लड प्रेशर ,ब्लड टेस्ट कि कहीं कोई आंतरिक बीमारी तो नहीं है ।

- यदि टिनिटस का कारण नसों या दिमाग से जुड़ा हो तो MRI या CT Scan किया जाता है.

 ५) टिनिटस का उपचार?

टिनिटस का कोई इलाज नहीं होता, है , पर इसे कण्ट्रोल किया जा सकता है।
 
 - समय - समय से कान का मैल को साफ़ करते रहना।

 - ब्लड प्रेशर को कण्ट्रोल करना

 - डॉ। को सही लगे तब ही दवा को बदलना

 - धीमे - धीमे आवाज से ध्वनि कर संगीत सुनने से टिनिटस की आवाज़ कम महसूस होती है।

 - जीवनशैली में सुधार करना और ज्यादा सोर से दुरी रखना

 - तनाव को कम करने के लिए कसरत करें।

 - संतुलित आहार को लेना 

 #टिनिटस से बचाव ?

 - बहुत ही तेज़ आवाज़ों से अपने कानों को बचाना चाहिए।

 - हेडफ़ोन का उपयोग बहुत ही कम करना और यदि कर भी रहे है ,तो धीमे -धीमे साउंड करके ही अवाज को सुनना।

 - कान में कोई भी चीज को बार-बार नहीं डालने।
इलाज शुरू करने के लिए तैयार हैं?
डॉ. प्रदीप कुशवाहा से परामर्श बुक करें — ऑनलाइन या क्लीनिक पर।
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